नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि पिछले 11 सालों में देश में माओवादी आतंक 125 ज़िलों से सिमटकर सिर्फ़ तीन ज़िलों तक रह गया है। नक्सली हथियार डाल रहे हैं। वह दिन दूर नहीं जब भारत माओवादी आतंक से पूरी तरह मुक्त हो जाएगा। उन्होंने कहा कि संविधान की दुहाई और सामाजिक न्याय के नाम पर घड़ियाली आंसू बहाने वालों ने दशकों तक देश पर राज करने के दौरान राज्य के लोगों को अपने हाल पर छोड़ दिया था, लेकिन वे लोगों को इसका दंश झेलने के लिए नहीं छोड़ सकते थे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शनिवार को छत्तीसगढ़ के रजत जयंती समारोह में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि वे राज्य के गठन के बाद के 25 सालों का साक्षी रहे हैं और इस गौरवशाली पल का हिस्सा बनकर अद्भुत अनुभूति कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि 25 साल का ये कालखंड पूरा हुआ है और आज अगले 25 साल के नए युग का सूर्योदय हो रहा है। उन्होंने कहा कि मैं लाखों माताओं को अपने बच्चों के लिए विलाप करते हुए नहीं छोड़ सकता था। 2014 में हमने भारत को माओवादी आतंक से मुक्त करने का संकल्प लिया था। मैं गारंटी देता हूं कि वो दिन दूर नहीं, जब छत्तीसगढ़ और देश का हर कोना माओवादी आतंक से मुक्त होगा। छत्तीसगढ़ के गठन और उसके बाद की यात्रा का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि 25 साल पहले अटल जी की सरकार ने राज्य का गठन किया था। साथ ही संकल्प भी लिया था कि छत्तीसगढ़ विकास की नई बुलंदी छूएगा और आज राज्य विकास के पथ पर तेज़ गति से आगे बढ़ रहा है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में एक समय गांवों तक पहुंचना मुश्किल था। आज छत्तीसगढ़ के गांवों में सड़कों का नेटवर्क 40 हजार किमी तक पहुंचा है। बीते 11 वर्षों में छत्तीसगढ़ में नेशनल हाइवे का अभूतपूर्व विस्तार हुआ है। उन्होंने कहा कि आज छत्तीसगढ़ में वंदे भारत जैसी तेज गति की ट्रेने चल रही हैं। कभी छत्तीसगढ़ सिर्फ कच्चे माल के निर्यात के लिए जाना जाता था, लेकिन आज छत्तीसगढ़ एक इंडस्ट्रियल स्टेट के रूप में भी नई भूमिका में सामने आ रहा है। 25 साल पहले हमारे इस छत्तीसगढ़ में सिर्फ एक मेडिकल कॉलेज था, इस पर हमारी सरकार ने बहुत फोकस किया है। आज छत्तीसगढ़ में 14 मेडिकल कॉलेज हैं। हमारे रायपुर में एम्स है। उन्होंने कहा, जब देश ने मुझे सेवा का मौका दिया तो मैंने गरीब कल्याण पर बल दिया। गरीब की दवाई, गरीब की कमाई, गरीब की पढ़ाई और गरीब की सिंचाई की सुविधा। इस पर हमारी सरकार ने बहुत फोकस किया है। उन्होंने कहा कि हमने हर गरीब को पक्का घर देने का संकल्प लिया है। बीते 11 साल में 4 करोड़ गरीबों को पक्के घर दिए गए हैं। अब हम 3 करोड़ और नए घर बनाने का संकल्प लेकर चल रहे हैं। आज के दिन भी एक साथ छत्तीसगढ़ में साढ़े 3 लाख से अधिक परिवार अपने नए घर में गृह प्रवेश कर रहे हैं। ये दिखाता है कि छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार गरीबों को घर देने के लिए कितनी गंभीरता से काम कर ही है।
