90 दिवसीय विधिक जागरूकता कार्यक्रम के तहत डालसा का ओरमांझी प्रखण्ड अंतर्गत हरचण्डा में विधिक जागरूकता कार्यक्रम।
रांची: माननीय न्यायमूर्ति-सह-कार्यपालक अध्यक्ष, झालसा श्री सुजीत नारायण प्रसाद के दिशा-निर्देश पर एवं माननीय सदस्य सचिव झालसा, कुमारी रंजना अस्थाना एवं माननीय न्यायायुक्त, रांची श्री अनिल कुमार मिश्रा-1 के मार्गदर्शन में तथा डालसा सचिव श्री राकेश रौशन की मौजुदगी में 90 दिवसीय विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन होना सुनिश्चित हुआ है। इसी आलोक में आज दिनांक 30.05.2026 को रांची ओरमांझी प्रखण्ड के बरवे पंचायत के हरचण्डा गांव में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पीएलवी आशीष बैठा, शिला तिग्गा, रानी ठाकुर, दिपक गंझू, जगमोहन मुण्डा समेत अन्य लोग उपस्थित थे।
डालसा रांची के पीएलवी ने विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन कर लोगों को बताया कि सड़क दुर्घटना पीड़ितों और उनके परिवारों को तुरंत राहत, कानूनी सहायता और मुआवजा दिलाने के लिए विशेष योजनाएँ चलाता है। इसके तहत सड़क दुर्घटना के पीड़ितों को विधिक सेवा के माध्यम से पीड़ितों को मुफ्त कानूनी मदद दी जाती है। इसके तहत मुफ्त कानूनी सहायता और डालसा पीड़ित परिवारों को मुफ्त वकील मुहैया कराते हैं। पीएलवी ने यह भी बताया कि डालसा के पैनल अधिवक्ता पीड़ितों को दावा फॉर्म भरने में मदद करने के अलावा मुआवजे का केस फाइल करने में पूरी मदद करते हैं। उन्होंने यह भी कहां कि नियुक्त पैनल अधिवक्ता के पीड़ितों के परिवारों से मिलती हैं और वे परिवारों को दुर्घटना से जुड़ी विभिन्न सरकारी योजनाओं और तत्काल मिलने वाली राहत राशि की जानकारी देकर कागजी कार्रवाई पूरी करवाते हैं।
यह भी ज्ञात हो कि सभी पीएलवी के द्वारा आगामी 12 सितम्बर को अयोजित होनेवाली राष्ट्रीय लोक अदालत की भी जानकारी दी गयी। इसके अलावा पीएलवी आशीष बैठा और शिला तिग्गा ने बाल विवाह, बाल श्रम, विधवा पेंशन, वृद्धा पेंशन एवं राज्य सरकार द्वारा चलाये जा रहे लाभकारी योजनाओं के बारे में भी जानकारी दी। रानी ठाकुर और दीपक गंझू ने लेबर कार्ड एवं अबुआ आवास पर चर्चा किये तथा पीएलवी जगमोहन मुण्डा ने नषा उन्मूलन और डायन बिसाही पर फोकस किये।
यह भी ज्ञात हो कि डालसा के कार्यरत पीएलवी ने आगामी 12 सितम्बर को आयोजित होनेवाली राष्ट्रीय लोक अदालत की भी जानकारी दी। अंत में डालसा के कार्यरत पीएलवी के द्वारा पम्पलेट व लिफलेट का वितरण भी किया गया।
