बुढ़मू : शनिवार का दिन यूनिवर्सल पब्लिक स्कूल, डड़िया (ठाकुरगाँव, राँची) के लिए कुछ खास रहा। दीपावली के आगमन से पहले विद्यालय परिसर रंगों, प्रकाश और उत्साह से झिलमिला उठा। विद्यालय में “दिया बनाओ प्रतियोगिता” एवं “रंगोली बनाओ प्रतियोगिता” का आयोजन हुआ, जिसमें नन्हे-मुन्ने कलाकारों ने अपनी कल्पनाओं के रंग बिखेर दिए।छात्रों ने दीप सज्जा और रंगोली के माध्यम से न केवल कला का प्रदर्शन किया, बल्कि समाज को प्रेरक संदेश भी दिया। किसी ने “नारी के रूप अनेक” थीम से स्त्री-शक्ति को चित्रित किया, तो किसी ने “सेव प्लानेट” के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण की पुकार उठाई। “वोट फॉर बेटर इंडिया” और “ऑपरेशन सिंदूर” जैसे विषयों पर बनी रंगोलियाँ यह दर्शा रही थीं कि नई पीढ़ी अब केवल रंग नहीं भर रही, बल्कि अपने विचारों से समाज को रोशन कर रही है।हर बच्चे ने अपने हाथों से एक-एक दिया सजाया, मानो वे खुद यह संकल्प दोहरा रहे हों — हम भी इस संसार के अंधकार को प्रकाश में बदलेंगे। उनके रंगों में न केवल रचनात्मकता झलक रही थी, बल्कि जिम्मेदारी की भावना भी थी।विद्यालय के निदेशक श्री वैद्यनाथ कुमार पाण्डेय ने अपने प्रेरक संबोधन में कहा, “विद्यालय सिर्फ किताबी ज्ञान का केंद्र नहीं है, यह मानवता, संस्कार और सद्भाव का पाठ पढ़ाने वाली एक जीवंत संस्था है। त्योहार हमारे भीतर प्रेम और एकता के रंग भरते हैं, और स्कूल उस घर की तरह है जहाँ हर बच्चा परिवार का हिस्सा बनकर सीखता है।”इस आयोजन में श्री वैद्यनाथ कुमार पाण्डेय के साथ बबीता पाण्डेय, योग कुमार पाण्डेय, अनूप कुमार सिंह, आनंद कुमार सिन्हा, डॉ. आभा सिन्हा, राहुल पाल, अरविंद यादव, संजय उराँव, कुसुम गाड़ी, पूजा सिंह, सोनी सिंह, तन्वी सिंह, सुजाता, संगीता, माधुरी, सुरेंद्र, कृष्णा, बिनीता और शिवशंकर उराँव सहित विद्यालय के समर्पित शिक्षक एवं कर्मचारी गण ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।कार्यक्रम के समापन पर विद्यालय का वातावरण दीपों की टिमटिमाती लौ की तरह झिलमिला रहा था — जैसे हर दिया यह संदेश दे रहा हो कि प्रकाश बाँटना ही सबसे बड़ा उत्सव है।
