50 फीसदी गाजा पर इस्राइली सेना का नियंत्रण होगा
फिलिस्तीन। पश्चिम एशिया में इस्राइल और हमास के बीच बीते दो साल से जारी हिंसक संघर्ष थमने वाला है। गाजा में ट्रंप की शांति योजना के तहत युद्धविराम समझौता लागू हो गया है। इस्राइली सेना ने ट्रंप की शांति योजना पर कहा कि दोहपर 12 बजे से युद्धविराम लागू हो गया है। सैनिक वापस लौट रहे हैं। इस्राइली सेना ने शुक्रवार को कहा कि हमास के साथ युद्धविराम समझौता स्थानीय समयानुसार दोपहर 12 बजे से प्रभावी हो गया है। मोर्चे पर तैनात सैनिक सहमति के तहत निर्धारित जगहों पर वापस लौट रहे हैं। युद्धविराम समझौता लागू करने के फैसले को इस्राइली कैबिनेट में मंजूरी दी गई। प्रधानमंत्री नेतन्याहू के कार्यालय से जारी एक संक्षिप्त बयान में कहा गया कि मंत्रिमंडल ने बंधकों की रिहाई के लिए समझौते की रूपरेखा को मंजूरी दे दी है। हालांकि, इस्राइली सरकार के बयान में योजना के अन्य पहलुओं का उल्लेख नहीं किया गया है। समाचार एजेंसी एपी की रिपोर्ट के मुताबिक एक इस्राइली सुरक्षा अधिकारी ने गोपनीयता की शर्त पर कहा, सेना अपने नए ठिकानों पर जाकर गाजा के लगभग 50 फीसदी हिस्से पर अपना नियंत्रण स्थापित करेगी।हमास के वरिष्ठ अधिकारी खलील अल-हय्या ने बताया, ‘समझौते के तहत इस्राइल लगभग 2000 फलस्तीनी कैदियों को रिहा करेगा। मिस्र से लगी सीमा को खोला जाएगा। गाजा में संकटग्रस्त लोगों तक मानवीय मदद पहुंचाने की अनुमति दी जाएगी। इस्राइली सेना को वापस बुलाया जाएगा। इस्राइली जेलों में बंद सभी महिलाओं और बच्चों को भी रिहा किया जाएगा। अमेरिकी अधिकारी 200 सदस्यीय सैनिकों की अंतरराष्ट्रीय टीम इस्राइल भेजेंगे। अल-हय्या ने कहा, हम अपने लोगों के खिलाफ युद्ध और आक्रामकता को समाप्त करने के लिए समझौते पर पहुंच गए हैं। ट्रंप प्रशासन और मध्यस्थों ने आश्वासन दिया है कि युद्ध समाप्त हो गया है। हमास और अन्य फलस्तीनी गुट अब स्वतंत्र देश पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इस्राइली सेना की इस घोषणा से पहले फलस्तीनियों ने शुक्रवार सुबह उत्तरी गाजा में भारी गोलाबारी की सूचना दी। बता दें कि बीते दो साल में लगभग 67 हजार से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। अब ट्रंप के हस्तक्षेप के बाद इस्राइल और हमास के बीच शांति समझौता हुआ है।
