रांची: बिरला प्रौद्योगिकी संस्थान मेसरा का चार दिवसीय प्रसिद्ध साहित्यिक उत्सव लिटनाइट 2025 रचनात्मकता, अभिनय और काव्य उत्कृष्टता के अद्भुत संगम के साथ सम्पन्न हुआ। इस आयोजन ने पूरे परिसर को साहित्यिक ऊर्जा और विद्यार्थियों के उत्साह से भर दिया।
तीसरे दिन का आरंभ शाम 6:30 बजे कैट हॉल में सिम्पोज़ियम कार्यक्रम से हुआ। इस आयोजन में प्रतिभागियों ने साहित्य वाचन, रचनात्मक वक्तृत्व और भावनात्मक अभिव्यक्ति के माध्यम से अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। इस कार्यक्रम ने विद्यार्थियों को भाषा और भावनाओं के गहरे संबंध को महसूस करने और अभिव्यक्त करने के लिए प्रेरित किया।
इसके बाद अंग्रेज़ी नाट्य कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने स्वयं अपने नाटक लिखे और मंच पर प्रस्तुत किए। इन प्रस्तुतियों में हास्य और कल्पनाशीलता का अद्भुत मिश्रण देखने को मिला। लालू यादव और शेल्डन कूपर जैसे दिलचस्प पात्रों पर आधारित नाटकों ने दर्शकों को खूब हँसाया और आनंदित किया। यह सत्र दर्शकों के मन में गहरी छाप छोड़ते हुए रात 8:30 बजे समाप्त हुआ।
अंतिम दिन का शुभारंभ हिन्दी नाट्य प्रस्तुति से हुआ। इसमें टीटू मामा, अवध ओझा और उदय शेट्टी जैसे रोचक पात्रों ने मंच पर अपनी जीवंत प्रस्तुति से दर्शकों को पूरे समय बाँधे रखा। इसके बाद कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने अपनी भावनाओं और विचारों को कविताओं और ग़ज़लों के माध्यम से प्रस्तुत किया। आयुष ने अपनी रचना “ज़िंदगी के आगे” से जीवन के गहरे अर्थों को उजागर किया, शैल ने अपनी भक्ति-प्रधान कविताएँ “अधगले पत्ते” और “एकांकी है” सुनाकर दर्शकों को भावविभोर कर दिया, जबकि सौम्या ने अपने मधुर गीतों से सबका मन मोह लिया।
