रांची: उषा मार्टिन विश्वविद्यालय में बालिकाओं के मासिक धर्म स्वास्थ्य एवं स्वच्छता को लेकर एक महत्वपूर्ण जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम उन्नत भारत अभियान के सहयोग से डामोदर ब्लॉक ऑडिटोरियम में आयोजित हुआ, जिसमें कस्तूरबा गांधी गर्ल्स स्कूल एवं विश्वविद्यालय की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत पंजीकरण, स्वागत भाषण एवं उद्घाटन सत्र के साथ हुई। कुलपति प्रो. (डॉ.) मधुलिका कौशिक ने वर्चुअल माध्यम से छात्राओं को संबोधित करते हुए मासिक धर्म स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों पर सही जानकारी, जागरूकता और खुली चर्चा के महत्व पर विशेष जोर दिया।
इस अवसर पर किशोरावस्था प्रजनन स्वास्थ्य, मासिक धर्म स्वच्छता, सेनेटरी उत्पादों के सुरक्षित उपयोग एवं निपटान, पोषण तथा मिथक व तथ्यों जैसे विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत सत्र आयोजित किए गए। सत्रों में व्यावहारिक प्रदर्शन भी किए गए, जिससे छात्राओं को व्यवहारिक जानकारी प्राप्त हो सकी।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण इंटरैक्टिव प्रश्नोत्तर सत्र रहा, जिसमें छात्राओं ने खुलकर अपनी जिज्ञासाएं रखीं और विशेषज्ञों से समाधान प्राप्त किया। इसके साथ ही अनुभव साझा करने के सत्र ने बालिकाओं को बिना झिझक अपनी बात रखने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को सेनेटरी पैड, हाइजीन किट एवं सूचना, शिक्षा एवं संचार (IEC) सामग्री वितरित की गई। आयोजन का उद्देश्य मासिक धर्म चक्र की समझ विकसित करना, स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की समय पर पहचान और उपचार के प्रति जागरूक करना रहा।
इस अवसर पर प्रो-वीसी प्रो. मिलिंद, रजिस्ट्रार डॉ. शिव प्रताप वर्मा, कैंपस डायरेक्टर सह डीन अकादमिक्स प्रो. बी.एन. सिन्हा, डॉ. अनिल कुमार मिश्रा, वित्त अधिकारी सुश्री रेनू लाल, टीपीओ डॉ. प्रियंका पल्लवी सहित कई संकाय सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समन्वयन डॉ. सुनील कुमार एवं सुश्री शैलजा निम्मी गुरिया ने किया। अंत में धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
